केंद्रीय विद्यालय संगठन के छात्र भारतीय खिलौना मेला 2021 में उत्साहपूर्वक भाग ले रहे हैं। केवीएस से हुए कुल पंजीकरण की संख्या करीब 3.5 लाख है।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भारतीय खिलौना मेले का 27 फरवरी 2021 को उद्घाटन किया था। मेले का उद्घाटन करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा, हमारे देश के खिलौना उद्योग में बड़ी ताकत छुपी हुई है। इस ताकत को बढ़ाना और इसकी पहचान बढ़ाना आत्मनिर्भर भारत अभियान का बड़ा हिस्सा है।

मेले में पूरे देश से तीन केंद्रीय विद्यालय अपने स्टॉल प्रदर्शित करने के लिए चुने गए हैं। दिल्ली क्षेत्र से केवी जेएनयू, केवी नंबर 1 एएफएस गुरुग्राम और केवी आईआईटी कानपुर अपने अनूठे खिलौने प्रदर्शित कर रहे हैं।

केवी हॉल नंबर 9 में मौजूद हैं, जहां सीखने के और शैक्षणिक खिलौने प्रदर्शित किए गए हैं। स्टॉल नंबर आई347 पर केवी जेएनयू तक पहुंचा जा सकता है, जबकि केवी आईआईटी कानपुर अपने खिलौने स्टाल नंबर आई1550 पर प्रदर्शित कर रहा है और केवी नंबर 1 एएफएस गुरुग्राम स्टॉल नंबर आई361 पर मौजूद है।

केवी जेएनयू 25 खिलौने प्रदर्शित कर रहा है, जिसमें अलग अलग कहानियों को सुनाने में इस्तेमाल होने वाली जानवरों की कठपुतलियां, कलाबाज नर्तक स्केलटन, लंग्स बलून, नोज़ बग शामिल हैं।

केवी आईआईटी कानपुर अपने स्टॉल पर 33 खिलौने प्रदर्शित कर रहा है, जिसमें बोर्ड गेम, डिजिटल गेम, मैकेनिकल गेम और साइंस एक्टिविटी गेम हैं, इसमें रोलिंग जोकर, कागज की कठपुतली, डाइनैमिक डॉल, नॉलेज एक्सप्रेस, वे मेकर, टचिंग स्लेट, कोविड रक्षक और खिलौना पैराशूट शामिल है।

केवी नंबर 1 एएफएस गुरुग्राम ने अपने स्टॉल में 14 खिलौने शामिल किए हैं, जिसमें जोड़ मशीन, वर्ड हाउज़ी, हाइड्रॉलिक ब्रेक सिस्टम, जोड़गाड़ी, नलतरंग, प्रोबिनो आदि हैं।

अपनी तरह की इस पहली पहल में, जहां सभी तरह के पारंपरिक और आधुनिक खिलौने प्रदर्शित किए जा रहे हैं, और जो बच्चों को भारतीय खिलौनों के अनूठे संसार में ले जा रहे हैं, केंद्रीय विद्यालय के छात्र सक्रिय रूप से भाग ले रहे हैं।

भारतीय खिलौना मेला 27 फरवरी से 2 मार्च 2021 तक आयोजित किया जा रहा है। यह बच्चों के लिए विभिन्न गतिविधियों में भाग लेने का एक अवसर है, जिसमें पारंपरिक खिलौना निर्माण का प्रदर्शन और संग्रहालयों और कारखानों की वर्चुअल यात्रा शामिल है।

कोई जवाब दें

Please enter your comment!
Please enter your name here